Saturday, December 10, 2011

Kushi Intzar hai us lamhe ka

हम भी जिन्दगी का हर पल खुश होकर जीना चाहते थे,पर जिन्दगी ने कभी मौका ही नहीं दिया खुश होकर जीने का ,अब तो बस गम में ही खुशिया धुन्दते  रहते है ,एक वक़्त था जब हमारे चहरे पे स्रिफ मुस्कान होती थी,और आज वो वक़्त है जहा मुस्कान की एक शिकन भी नहीं आती कभी चहरे पर.

फिर भी इंतजार रहेगा उस वक़्त का हमें जब हम अपनी उस पुरानी दुनिया को फिर से  जी पाएंगे और तब हमारे होटो पर स्रिफ मुस्कान ही होगी

जिन्दगी इतनी भी कफा  नहीं हो सकती हमसे की हम हसना ही भूल जाये और इस दुनिया से ऐसे ही चले जाये
 

Saturday, November 19, 2011

Jindegi ek paheli

काश कोई होता जो हमको हमेशे भी जयादा  समझ पाता
दिल का हर अरमान बिन कहे समझ पाता,तो जिन्दगी यू बेजान ना होती
क्यों दुनिया के इस भीड़ में भी लोग अनजान रह जाते है
और कुछ चाहकर भी कुछ नहीं कह पाते है
कितनी  अजीब है ये दुनिया कहने को तो सब है
पर जब नजदीक जा कर देखा तो सब कुछ होकर भी कुछ नहीं लोगो के पास
शिवाय दर्द और आशु के
जिन्दगी एक पहेली है ,आज तक कोई नहीं समझ पाया है इसे
बस इतना ही पता है जीना है इसे,छे गम हो या ख़ुशी !!!!!!!!!






Saturday, August 13, 2011

Happy Independance day

भारत हमको जन से पयार है,सबसे न्यारा गुलिस्ता हमारा है
हिन्दुस्तानी नाम हमारा है


Friday, April 29, 2011

Some lines which is really heart touchings...!!!!!!

खुशिया और गम सहती है ,फिर भी ये चुप रहती है अब तक किसी न जाना जिन्दगी कया कहती है

जाते जाते तुमने एक आह तो भरी होगी,हर वक़्त यही रहेगा गम उस वक़्त कहा थे हम कहा तुम चले गए
 
किसी की मुस्कुराहतो पे हो सके तो हो निसार ,किसी का गम ले सके तो ले उधर जीना इसीका नाम है 

जीना यहाँ मरना यहाँ इसके सिवा जाना कहा,जी चाहे जब आवाज दो हमको हम है यही हम ते जहा
कल खेल में हम हो न हो,गर्दिश में तारे रहेंगे सदा ,अपने यही दोन जहा इसके सिवा जाना कहा 
तुझसे नाराज नहीं जिन्दगी हैरान हूँ ,तेरे मासूम सवालों से परेसान हूँ मई, जिनगी तेरे गम ने हमें रिश्ते नए समझाए ,मुस्कराय ओ मुस्कुराने  के कर्ज उतरने होंगे 


Sunday, April 3, 2011

उत्तराखंड विचार



 
उत्तराखंड विचार 
एक संघठन है जहा हर उत्तराखंडी अपने विचार और उत्तराखंड से सम्भ्न्धित जानकारी वयकत कर सकते है ,हमारा मुख्य उद्देश है की हमें सभी उत्त्त्रखान्दियो को एक जुट हो कर उत्तराखंड के विकास के बारे में सोचना है और हमारे उत्तराखंडी संस्कृति को पुरे देश में सुप्रशिध करना है और उत्तराखंड विचार द्वारा हम ये कर सकते है, हमें देश विदेश में रह रहे उत्त्रखान्दियो से अपने इस उत्तराखंड राज्य की पहचान करानी है, हमारी इस संस्था से हम सभी उत्त्रखानियो को एक साथ जोड़कर  रखना चाहते है ,हम चाहते है की सभी इस संस्था से जुड़े और यहाँ उत्तराखंड से सम्भ्दित सारी जानकारी अपने प्रस्ताव के साथ यहाँ पर प्रकट कर सकते है

 

Saturday, March 19, 2011

aaj ka ye pal to ji le sath unke


जिन्दगी भी इत्तेफाक है, आज है वो साथ मेरे कल क्या पता कहा होंगे
जो भी होगा आज तो हर लम्फा खास है वो मेरे साथ है ,जी ले इस पल को
साथ उनके ,क्या पता कल हम रहे न रहे जिन्दगी के सफ़र में साथ उनके
आज का ये पल तो जी ले साथ उनके

यादो को दिल से भुलाना मुस्किल है ,य्यादे ही तो जिन्दगी को फिर से
जीने की राह दिखाती है ,क्युकी जिन्दगी तो हर वक़्त अपना रुख मोड़ना
जानती है ,उसे तो अपनी राह ही चलना है ,
आज का ये पल तो जी ले साथ उनके

मंजिल को पाना हर किसी की किस्मत में नहीं होता, कभी जिन्दगी उसका
साथ नहीं देती तो कभी  तक़दीर ,पर मंजिल पाने की आस तो सभी की होती
है,पर कभी अफ़सोस ना करना,राह में चलते रहना ,कम से कम कुछ फासले
ही कम हो जाये,
आज का ये पल तो जी ले साथ उनके   









Friday, February 25, 2011

Palke


Hamne bhi ek khab sajaye the palko me hamari
 palko ne to jaise jhapkna hi band kar diya ho
hamare is khab ko pura karne ke liye
hamne bhi kabhi koshis hi nahi ki sone ki
khab jab hakikat ban gaye palko ne jo bahna suru kiya
phir ham bhi use rok nahi paye,hamare khab pure hone ke baad
sayad ye palko ki wo khushi thi jo who hamnse baya karna chahta ho
ham to apni khushi has kar baya karte hai par bechari palke
unke pass to ek hi juba hoti hai or wo hai aashu,wo to dono hi samay me
ek hi juba me baat karte hai aashu